जिलेभर के मंडलों में लाइव सुना गया केंद्रीय बजट 2026

दमोह ,/प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा संसद में प्रस्तुत केंद्रीय बजट 2026 को जिले के सभी भाजपा मंडलों में कार्यकर्ताओं ने सामूहिक रूप से लाइव सुना। जिलाध्यक्ष श्याम शिवहरे के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम में बजट के प्रावधानों पर चर्चा भी की गई।
दमयंती एवं दीनदयाल मंडल का संयुक्त कार्यक्रम बुंदेली दमोह महोत्सव परिसर में आयोजित किया गया, जहां एलईडी स्क्रीन के माध्यम से संसद का सीधा प्रसारण दिखाया गया। कार्यक्रम में पूर्व मंत्री एवं दमोह विधायक जयंत मलैया सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
आत्मनिर्भर भारत की दिशा में मजबूत आधार : श्याम शिवहरे
जिलाध्यक्ष श्याम शिवहरे ने बजट को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास” के विजन को साकार करने वाला बताया। उन्होंने कहा कि यह बजट किसान, युवा, महिला, मध्यम वर्ग और गरीब वर्ग को केंद्र में रखकर तैयार किया गया है।
उन्होंने बताया कि वित्त वर्ष 2026-27 के लिए पूंजीगत व्यय बढ़ाकर 12.2 लाख करोड़ रुपये किए जाने से देश में आधारभूत संरचना, रोजगार और औद्योगिक विकास को नई गति मिलेगी। यह बजट भारत को आत्मनिर्भर और विकसित राष्ट्र बनाने की दिशा में निर्णायक कदम है।
आर्थिक विकास और जनकल्याण का संतुलन : जयंत मलैया
पूर्व मंत्री एवं विधायक जयंत मलैया ने कहा कि केंद्रीय बजट 2026 आर्थिक सुदृढ़ता के साथ-साथ जनकल्याण को भी प्राथमिकता देता है। इंफ्रास्ट्रक्चर, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के क्षेत्र में किए गए प्रावधानों का सीधा लाभ मध्यप्रदेश और दमोह जिले को मिलेगा। यह बजट भारत को वैश्विक आर्थिक शक्ति के रूप में स्थापित करने में सहायक सिद्ध होगा।
इंफ्रास्ट्रक्चर को मिलेगा नया बल
बजट में इन्फ्रास्ट्रक्चर रिस्क डेवलपमेंट फंड की स्थापना का प्रस्ताव किया गया है, जिससे बड़ी परियोजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी आएगी। राजमार्ग, रेलवे, बंदरगाह, बिजली परियोजनाओं के साथ-साथ 7 रणनीतिक क्षेत्रों में मैन्युफैक्चरिंग और एमएसएमई सेक्टर को प्रोत्साहन देने की घोषणा की गई है।

‘विकास भी, विरासत भी’ का संकल्प : राज्यमंत्री धर्मेंद्र सिंह लोधी
प्रदेश के संस्कृति, पर्यटन एवं धार्मिक न्यास राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) धर्मेंद्र सिंह लोधी ने बजट 2026-27 का स्वागत करते हुए इसे अमृत काल की विकास यात्रा का महत्वपूर्ण चरण बताया।
उन्होंने कहा कि 15 पुरातात्विक स्थलों को अनुभवात्मक पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने और 10 हजार टूरिस्ट गाइड्स के कौशल विकास की योजना से पर्यटन को नई दिशा मिलेगी।
राज्यमंत्री लोधी ने सी-प्लेन कनेक्टिविटी, नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ हॉस्पिटैलिटी, मेडिकल टूरिज्म हब और ऑरेंज इकोनॉमी को बढ़ावा देने के प्रावधानों को युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर खोलने वाला बताया। यह बजट विकसित भारत 2047 के लक्ष्य की ओर मजबूत कदम है।
